जांजगीर-चांप। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में लगातार हो रही बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। गुरुवार रात हुई मूसलाधार बारिश का असर शुक्रवार को पूरे जिले में देखने को मिला। अधिकांश नदी-नाले उफान पर हैं, जिससे कई प्रमुख सड़क मार्ग जलमग्न हो गए हैं। बिलासपुर–शिवरीनारायण मार्ग, पामगढ़–अकलतरा मार्ग और नेशनल हाईवे के कई हिस्सों पर पानी भरने से यातायात बाधित रहा। बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है तथा राहत शिविर स्थापित करने के निर्देश दिए हैं।
लीलागर नदी में बाढ़, कई गांव प्रभावित
लगातार बारिश के कारण लीलागर नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। कुटीघाट के पास बिलासपुर–शिवरीनारायण मार्ग पर बाढ़ जैसी स्थिति बन गई, जिससे आवागमन प्रभावित हुआ। वहीं बिलासपुर–रायगढ़ नेशनल हाईवे के कुछ हिस्सों में भी पानी भर जाने से यातायात बाधित रहा।
बारिश का असर कोटमी सोनार गांव में भी देखने को मिला, जहां कई घरों में पानी घुस गया। दूसरी ओर रोकदा डैम का एक गेट क्षतिग्रस्त होने के बाद डैम का पानी आसपास के गांवों में पहुंच गया, जिससे ग्रामीणों की परेशानी बढ़ गई।
राहत-बचाव में देरी, देर शाम पहुंची SDRF
स्थानीय लोगों का आरोप है कि सुबह से बाढ़ की स्थिति बनने के बावजूद राहत एवं बचाव दल समय पर नहीं पहुंचा। शाम को कलेक्टर जन्मेजय महोबे और पुलिस अधीक्षक के मौके पर पहुंचने के बाद मुलमुला पुलिस और SDRF की टीम ने राहत कार्य शुरू किया।
कलेक्टर ने लिया हालात का जायजा
कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण करने के बाद कुटीघाट पहुंचकर लीलागर नदी के जलस्तर का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को नदी किनारे बैरिकेडिंग करने, लोगों को पानी के करीब नहीं जाने देने और किसी भी स्थिति में नदी पार नहीं करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने बताया कि प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाकर राहत शिविरों में ठहराया जा रहा है। उनके भोजन एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। हालात सामान्य होने तक राहत शिविर संचालित रहेंगे तथा बाढ़ से हुए नुकसान का सर्वे भी कराया जाएगा।
तेज बहाव में बही थार, बड़ा हादसा टला
पामगढ़–बिलासपुर और पामगढ़–अकलतरा मार्ग पर तेज बहाव के बावजूद कुछ लोग सुरक्षा बैरिकेड तोड़कर वाहन निकालने का प्रयास करते रहे। इसी दौरान एक थार वाहन में सवार दो युवक पानी के तेज बहाव में बह गए। मौके पर मौजूद पुलिस और स्थानीय लोगों की सतर्कता से दोनों युवकों को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि थार वाहन अभी भी पानी के बीच फंसा हुआ है।
प्रशासन की अपील
जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी जलमग्न सड़क या पुल को पार करने का प्रयास न करें, नदी-नालों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए अगले कुछ दिनों तक सतर्क रहने की सलाह दी गई है।










