जगदलपुर। सांसद पप्पू यादव द्वारा भगवा वस्त्र धारण कर साधु-संतों और भगवान श्रीराम से जुड़े धार्मिक प्रतीकों का कथित रूप से अपमान किए जाने को लेकर हिंदू संगठनों में आक्रोश देखने को मिला। इस कथित घटना के विरोध में विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने जगदलपुर के संजय मार्केट चौक पर जोरदार प्रदर्शन किया और पप्पू यादव का पुतला दहन किया।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने पप्पू यादव के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और उनके कथित कृत्य की कड़ी निंदा की। संगठन के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि भविष्य में इस तरह की घटना दोहराई गई तो बड़े स्तर पर आंदोलन किया जाएगा।
“भगवा सिर्फ रंग नहीं, सनातन संस्कृति और त्याग का प्रतीक”
विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कहा कि भगवा केवल एक रंग नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति, त्याग, तपस्या और साधु-संतों की परंपरा का प्रतीक है। धार्मिक प्रतीकों को राजनीतिक विरोध या प्रदर्शन का माध्यम बनाया जाना स्वीकार नहीं किया जा सकता।
कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पप्पू यादव के कथित व्यवहार से हिंदू समाज की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। इसी के विरोध में प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में प्रदर्शन किए जा रहे हैं।
नवीन देवांगन बोले—ऐसे कृत्य की कड़ी निंदा
विश्व हिंदू परिषद के जिला मंत्री नवीन देवांगन ने कहा कि संसद भवन परिसर में सांसद पप्पू यादव द्वारा भगवा और साधु-संतों के कथित अपमान के विरोध में यह पुतला दहन किया गया है।
उन्होंने कहा कि इस कथित कृत्य में जिन लोगों या दलों ने सहयोग किया, वे भी निंदा के पात्र हैं। साथ ही चेतावनी दी कि भविष्य में इस तरह की घटना सामने आने पर बजरंग दल और अधिक उग्र तरीके से विरोध प्रदर्शन करेगा।
“दोहराया गया तो बड़े स्तर पर होगा प्रदर्शन”
बजरंग दल के जिला संयोजक विष्णु ठाकुर ने कहा कि साधु-संतों के कथित अपमान के विरोध में बजरंग दल प्रदेशभर में पप्पू यादव का पुतला दहन कर रहा है।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भविष्य में इस प्रकार का कृत्य दोहराया गया तो संगठन बड़े स्तर पर आंदोलन और विरोध प्रदर्शन करेगा।
जगदलपुर के संजय मार्केट चौक पर हुए प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में संगठन के कार्यकर्ता मौजूद रहे और धार्मिक आस्था तथा भगवा के सम्मान को लेकर नारे लगाए।










